कानपुर में 80 सालों से मनाया जा रहा है गंगा मेला, अंग्रेज़ों के खिलाफ भारत के विरोध का प्रतीक है यह मेला

कानपुर में 80 सालों से मनाया जा रहा है गंगा मेला, अंग्रेज़ों के खिलाफ भारत के विरोध का प्रतीक है यह मेला

अंग्रेजों द्वारा लगाए गए प्रतिबंध के बावजूद 1942 में अपनी स्वतंत्रता का लोहा मनवाने के लिए रंगों से खेला और तिरंगा फहराया।

कानपुर के समृद्ध इतिहास और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक गंगा मेला 23 मार्च को कानपुर में मनाया जाएगा। 80 सालों की परंपरा को जीवित रखते हुए गंगा नदी के तट पर लगने वाला यह मेला रंगों और सामुदायिक प्रेम का उत्सव है। शाम के उत्सव के दौरान कानपुर में सामाजिक और सांस्कृतिक समूहों और संघों द्वारा स्टॉल लगाए जाते हैं और इसके साथ गंगा मेला भारत के स्वतंत्रता संग्राम से भी दिलचस्प संबंध रखता है।

To get all the latest content, download our mobile application. Available for both iOS & Android devices. 

Related Stories

No stories found.
Knocksense
www.knocksense.com